
संवाददाता, पुरुलिया: नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती देश के अन्य हिस्सों के साथ साथ पुरुलिया जिले में भी सम्मान के साथ मनाई गई। पुरुलिया के जिला मजिस्ट्रेट रजत नंदा ने सुबह पुरुलिया सुभाष उद्यान में राष्ट्रीय ध्वज फहराया और नेताजी सुभाष चंद्र बोस की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। जिला सूचना एवं संस्कृति विभाग तथा जिला प्रशासन द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में पुरुलिया के अतिरिक्त जिला एवं जिला प्रशासनिक अधिकारियों ने भाग लिया।इस दौरान छोटे बच्चों के साथ एक सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। दूसरी ओर पुरुलिया शहर के नामोपाड़ा में नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती सम्मान के साथ मनाई गई। नेताजी ने वर्तमान पुरुलिया या तत्कालीन मानभूम जिले का कुल चार बार दौरा किया। उन्होंने 9 दिसंबर 1939 को अंतिम बार पुरुलिया शहर में कदम रखा था। वह शहर के नामो पाड़ा स्थित नीलकंठ निवास में रुके थे। वर्तमान में वहां नेताजी की एक प्रतिमा स्थापित की गई है। इस दिन कई लोग यहां आते हैं और नेताजी की प्रतिमा पर फूल चढ़ाते हैं। इस दिन नेताजी के बारे में एक चित्रकला प्रतियोगिता भी आयोजित की गई। नेताजी की पुरुलिया यात्रा के बारे में भी चर्चा हुई। नीलकंठ चटर्जी के परिवार के वर्तमान सदस्य राजर्षि चटर्जी ने नेताजी के पुरुलिया शहर में आगमन के बारे में जानकारी दी। पुरुलिया शहर में नेताजी विद्यापीठ और विभिन्न क्लबों व संगठनों की पहल पर नेताजी की जयंती सम्मान के साथ मनाई गई।